कपासन के सुरपुर में भैंस चराने गए बालक की डूबने से मौत, दूसरे दिन मिला शव
कपासन। गांव सुरपुर में भैस चराने गये बालक की नाडी में डुबने से मौत हो गई। गौताखोरो के 2 घंटे के अथक प्रयास से बालक का शव नाडी से बाहर निकाला गया।
बताया गया कि शुक्रवार को सांय 4 बजे मुकेश जाट (12) पिता नाथु जाट भैसो को पानी पिलाने के लिये आईटी सेन्टर के पास स्थित नाडी में पानी पिलाने के लिये गया। जहां वो पानी में डुब गया। सूचना पर सरपंच सीमा जाट सहित कई ग्रामिण मौके पर पहुचे। और अपने स्तर पर ग्रामिणो ने पानी में बालक को देर रात तक ढुढने का प्रयास किया। परन्तु अंधेरा हो जाने से सफलता हाथ नही लगी।
इस घटना की सूचना कपासन पुलिस को दी गई। जिस पर पुलिस अधिकारी पर्वत सिंह मय जाप्ता मौके पर पहुचे। चित्तौडगढ सिविल डिफेन्स के गौताखोरो को इसकी सूचना दी गई। रात हो जाने से शुक्रवार को रेस्क्यू बंद कर दिया गया। शनिवार को सुबह 7 बजे गोताखोरो का आठ सदस्यीय दल सुरपुर मौके पर पंहुचा। और मुकेश को ढूढ़ने के प्रयास आरम्भ किया।
करीब दो घंटो के बाद बालक का शव झाडियो के पास पानी में मिला जिसे बाहर निकाला गया। मौके पर ग्राम विकास अधिकारी रामेश्वर जाट, पूर्व सरपंच माधव लाल जाट, रूपलाल गाडरी सहित सैकडो लोगो की भीड जमा हो गई। नाडी में से शव निकलने के बाद पुलिस शव को लेकर कपासन अस्पताल पहुॅची। जहा शव का पोस्टमार्टम करवा कर परिजनो के सुपुर्द किया गया।
बताया गया कि बालक मुकेश कक्षा पांचवी में अध्ययन करता था। गौताखोरो की टीम में नारायण लाल भोंई, चैनराम कीर, हेमन्त भौई, राजकुमार, रतनलाल भोई व रतन लाल, विक्रमसिह शामिल थे।
रिपोर्ट - शंभूदयाल टेलर

